पुणे का बंड गार्डन मुला-मुथा नदी के किनारे बसा इलाका है। इसके पास ही महात्मा गांधी उद्यान नाम का सार्वजनिक हरित क्षेत्र है। इसका इतिहास नदी पर बने पत्थर के उस बाँध से जुड़ा है, जिसे पुणे छावनी को पानी पहुँचाने के लिए बनाया गया था। शहर की सैर के दौरान यहाँ आना भी आसानी से संभव है।
- जगह: मुला-मुथा नदी के किनारे।
- पास का उद्यान: महात्मा गांधी उद्यान, बंड गार्डन।
- घूमने का समय: उद्यान के लिए 45–90 मिनट।
- मेट्रो: बंड गार्डन स्टेशन कॉरिडोर 2 के वनाज़–रामवाड़ी मार्ग पर है।
पुणे में बंड गार्डन कहाँ है?

बंड गार्डन पुणे में मुला-मुथा नदी के किनारे है और इसके पास महात्मा गांधी उद्यान नाम का सार्वजनिक उद्यान है। पुणे मेट्रो के मुताबिक, बंड गार्डन इलाका नदी के किनारे स्थित है। शहर में इसकी जगह पहचानने के लिए नदी सबसे स्पष्ट निशानी है।
इस नाम की याद 1850 में मुला-मुथा नदी पर बने पत्थर के बाँध से जुड़ी है। इसे पुणे छावनी को पानी पहुँचाने के लिए बनाया गया था। यह निर्माण नदी किनारे के इस इलाके को पुणे की जलापूर्ति के इतिहास से जोड़ता है।
बंड गार्डन के आसपास क्या देख सकते हैं?

यहाँ की मुख्य सैर नदी किनारे स्थित महात्मा गांधी उद्यान, बंड गार्डन की है। उद्यान में घूमने के लिए 45–90 मिनट रखें। इसके बाद नदी किनारे की जगह को आधार बनाकर पुणे के इस हिस्से को समझ सकते हैं।
बंड गार्डन मेट्रो स्टेशन से उद्यान थोड़ी ही दूर है: दूरी 180 मीटर है और पैदल पहुँचने में बताए गए समय के मुताबिक 2 मिनट लगते हैं। जॉगर्स पार्क बंड गार्डन भी स्टेशन से 180 मीटर दूर है और वहाँ पैदल पहुँचने में 3 मिनट लगते हैं। यह पास का एक और हरित ठिकाना है।
ट्रान्स सुंदरबन होटल से बंड गार्डन कैसे पहुँचें?

बंड गार्डन, ट्रान्स सुंदरबन होटल से पैदल लगभग 14 मिनट या गाड़ी से 9 मिनट की दूरी पर है। नदी किनारे के इलाके तक पहुँचने के लिए बंड गार्डन मेट्रो स्टेशन का इस्तेमाल भी कर सकते हैं।
बंड गार्डन स्टेशन कॉरिडोर 2 के वनाज़–रामवाड़ी मार्ग पर है। इस मार्ग पर पुणे रेलवे स्टेशन और रूबी हॉल क्लिनिक इससे पहले आते हैं, जबकि येरवडा, कल्याणी नगर और रामवाड़ी इसके बाद आते हैं।
शहर में आने-जाने की अधिक जानकारी के लिए पुणे मेट्रो, बस और रेल से सफ़र करने की मार्गदर्शिका देखें।
कब जाएँ और किन बातों की जाँच करें?

महात्मा गांधी उद्यान के बताए गए खुलने के समय सुबह 6 AM–11 AM और शाम 4 PM–9 PM हैं। प्रवेश निःशुल्क है। समय-सारणी में उद्यान के खुलने के दिन नहीं दिए गए हैं, इसलिए जाने से पहले आधिकारिक वेबसाइट पर जानकारी जाँच लें।
बंड गार्डन स्टेशन पर आगे की यात्रा के लिए सेवाएँ और टिकट काउंटर हैं। यहाँ एटीएम, शिशु-देखभाल कक्ष, सड़क से मंच तक स्पर्श-संवेदी रास्ते, सीसीटीवी, सार्वजनिक उद्घोषणा प्रणाली और मंच पर आपातकालीन प्लंजर जैसी सुविधाएँ भी हैं।
पुणे की सैर में और क्या जोड़ सकते हैं?
आगा खान पैलेस एक और ऐतिहासिक स्थल है, जिसे आप पुणे की यात्रा में शामिल कर सकते हैं। इसके इतिहास और आगंतुकों के लिए उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी इस पुणे के आगा खान पैलेस की यात्रा मार्गदर्शिका में दी गई है।
नदी किनारे घूमने के लिए महात्मा गांधी उद्यान और जॉगर्स पार्क को बंड गार्डन मेट्रो स्टेशन के पास छोटे पड़ावों के रूप में साथ रखें। पुणे में पूरे दिन घूमने की योजना हो, तो आने-जाने में लगने वाले समय के हिसाब से दूसरी जगहें चुनें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या बंड गार्डन और महात्मा गांधी उद्यान एक ही जगह हैं?
दोनों जुड़े हुए हैं, लेकिन एक ही जगह नहीं हैं: बंड गार्डन नदी किनारे का इलाका है और महात्मा गांधी उद्यान, बंड गार्डन, इसके पास का सार्वजनिक उद्यान है।
महात्मा गांधी उद्यान में घूमने के लिए कितना समय रखें?
उद्यान घूमने के लिए 45–90 मिनट रखें।
पुणे मेट्रो का कौन-सा मार्ग बंड गार्डन तक जाता है?
बंड गार्डन स्टेशन कॉरिडोर 2 के वनाज़–रामवाड़ी मार्ग पर है।
